भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान-राष्ट्रीय कृषि उच्चतर प्रसंस्करण संस्थान, नामकुम, रांची द्वारा अंतरराष्ट्रीय महिला किसान वर्ष 2026 एवं अंतरराष्ट्रीय ग्रामीण महिला दिवस के अवसर पर “ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तीकरण के मार्ग के रूप में उच्चतर कृषि” विषय पर एक दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया। संगोष्ठी में ऑफलाइन एवं ऑनलाइन माध्यमों से 300 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया। इनमें वैज्ञानिक, आमंत्रित विशेषज्ञ, शिक्षाविद्, शोधार्थी, विद्यार्थी, महिला किसान, स्वयं सहायता समूह (SHG) की सदस्य, समूह नेता तथा किसान उत्पादक संगठन (FPO) के प्रतिनिधि रांची, गुमला, तोरपा, बिहार एवं आसपास के क्षेत्रों से शामिल हुए।
दी गई उन्नत कृषि की जानकारी
कार्यक्रम का एक प्रमुख आकर्षण उपलब्धि हासिल करने वाली महिलाओं का सम्मान एवं अभिनंदन रहा। कृषि, उद्यमिता एवं ग्रामीण विकास में उनके बहुमूल्य योगदान के लिए तीन महिला किसानों तथा किसान उत्पादक संगठनों (FPOs) की तीन महिला प्रतिनिधियों सहित स्वयं सहायता समूहों (SHGs) से जुड़ी महिलाओं को सम्मानित किया गया। तकनीकी सत्रों में आजीविका के अवसरों, सतत उत्पादन प्रणालियों, खाद्य सुरक्षा, कृषि अपशिष्ट के मूल्य संवर्धन, पोषण, मूल्य संवर्धन, कृषि में महिलाओं के लिए कार्यस्थल की सुगमता एवं व्यावसायिक सुरक्षा, प्रौद्योगिकी हस्तांतरण, विपणन तथा ग्रामीण उद्यमिता पर ध्यान केंद्रित किया गया। चर्चाओं में महिला-नेतृत्व वाले उद्यमों को बढ़ावा देने, रोजगार सृजन, ग्रामीण आय में वृद्धि तथा सतत आजीविका को सुदृढ़ करने में उच्चतर कृषि की संभावनाओं के बारे में बताया गया।
ये हुए शामिल
इस कार्यक्रम में प्रो. सरोज शर्मा, कुलपति, रांची विश्वविद्यालय, मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं, जबकि डॉ. अभिजीत कर, निदेशक, भाकृअनुप-राष्ट्रीय कृषि उच्चतर प्रसंस्करण संस्थान, ऑनलाइन माध्यम से कार्यक्रम में शामिल हुए। संगोष्ठी का समन्वयन डॉ. देबाबंद्या मोहापात्रा, संयोजक, तथा डॉ. अर्चना महापात्रा, आयोजन सचिव द्वारा किया गया