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Panchayat Darpan

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जनभागीदारी से डिजिटल होंगी पंचायतें, ‘दानवीर’ के तहत कंप्यूटर दान का रास्ता खुला

ग्राम पंचायतों में डिजिटल सुविधाओं को मजबूत करने के लिए पंचायती राज मंत्रालय ने जनभागीदारी का नया रास्ता खोला है। मंत्रालय ने ‘दानवीर’ कंप्यूटर क्राउडसोर्सिंग पहल के तहत नागरिकों, संगठनों, सीएसआर संस्थाओं और भारतीय प्रवासी समुदाय से जरूरतमंद ग्राम पंचायतों को कंप्यूटर दान करने का आह्वान किया है। मंत्रालय के अनुसार, 27 अगस्त 2026 तक इस पहल के तहत 75 कंप्यूटर दान किए जा चुके हैं।

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मेरी पंचायत ऐप से चुन सकेंगे जरूरतमंद पंचायत

‘दानवीर’ के जरिए कंप्यूटर दान करने की प्रक्रिया ऑनलाइन खरीदारी की तरह आसान रखी गई है। मेरी पंचायत ऐप पर संबंधित राज्य सरकारों से प्रमाणित उन ग्राम पंचायतों की सूची उपलब्ध है, जिन्हें डेस्कटॉप कंप्यूटर की जरूरत है। दानकर्ता अपनी या किसी अन्य पात्र पंचायत का चयन कर ‘कंप्यूटर दान करें’ विकल्प पर जा सकते हैं। इसके बाद उन्हें ओएनडीसी समर्थित डिजिटल बाजार डिजि-हाट पर भेज दिया जाता है। चयनित पंचायत का वितरण पता और प्राप्तकर्ता का विवरण स्वतः भर जाता है।

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ऑर्डर से पावती तक पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन

दानकर्ता निर्धारित तकनीकी मानकों वाले कंप्यूटर बंडलों में से अपनी पसंद का विकल्प चुनकर डिजिटल भुगतान कर सकते हैं। इसके बाद ऑर्डर की पुष्टि, प्रेषण, वितरण और पंचायत की पावती तक पूरी प्रक्रिया को ऑनलाइन ट्रैक किया जा सकता है। पंचायत सचिव द्वारा कंप्यूटर प्राप्त किए जाने की पुष्टि के बाद दानकर्ता को डिजिटल प्रशंसा पत्र भी जारी किया जाएगा। यानी दान देने के बाद यह पता लगाना भी संभव होगा कि कंप्यूटर संबंधित पंचायत तक पहुंचा या नहीं।

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एक कंप्यूटर से पंचायत के कई काम होंगे आसान

मंत्रालय के अनुसार, पंचायत को मिला एक कंप्यूटर उसकी रोजमर्रा की डिजिटल व्यवस्था में उपयोगी साबित हो सकता है। पंचायत की योजनाओं की तैयारी, वित्तीय प्रबंधन, रिकॉर्ड रखने और नागरिक सेवाओं से जुड़े डिजिटल प्लेटफॉर्म के इस्तेमाल में इससे मदद मिलेगी। खास बात यह है कि इस पहल के जरिए दूसरे शहरों या विदेश में रह रहे लोग भी अपने पैतृक गांव की पंचायत से जुड़कर सीधे योगदान कर सकते हैं। उदाहरण के तौर पर, किसी गांव से बाहर रहने वाला व्यक्ति ऐप पर अपने गांव की पात्र पंचायत देखकर वहीं कंप्यूटर भेज सकता है।

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सरकारी प्रयासों के साथ जनभागीदारी का मॉडल

‘दानवीर’ को राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान (RGSA) समेत सरकारी कार्यक्रमों के तहत तैयार डिजिटल ढांचे के पूरक के रूप में आगे बढ़ाया जा रहा है। मंत्रालय का मानना है कि अधिक राज्यों की पात्र पंचायतों को इससे जोड़कर इसे डिजिटल रूप से सक्षम पंचायतों के लिए व्यापक जनभागीदारी अभियान बनाया जा सकता है। पहल में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए दान की स्थिति और पूरी प्रक्रिया डिजिटल रूप से दर्ज होती है। इच्छुक लोग मेरी पंचायत ऐप के माध्यम से इस पहल में भाग ले सकते हैं।

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